स्कूल नहीं पहुंचने पर खुला पूरे मामले का राज
जानकारी के अनुसार, महिला शिक्षिका लगातार दो दिनों तक स्कूल नहीं पहुंचीं और उनकी ओर से किसी प्रकार की सूचना भी नहीं दी गई। इसके बाद स्कूल प्रबंधन ने उनके परिजनों से संपर्क किया। जब उनकी बहन हालचाल जानने खेत में बने मकान तक पहुंचीं तो अंदर का दृश्य देखकर सन्न रह गईं। मकान के भीतर दो जले हुए शव पड़े थे। इसके तुरंत बाद पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
पहचान की पुष्टि के लिए डीएनए जांच होगी
स्थानीय लोगों का अनुमान है कि शव शिक्षक समन धुर्वे और उनकी पत्नी शिक्षिका मालती धुर्वे के हो सकते हैं। हालांकि, शव बुरी तरह जले होने के कारण उनकी पहचान स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस ने पहचान की पुष्टि के लिए डीएनए सैंपल लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मृतकों की आधिकारिक पहचान की जाएगी।
घटनास्थल से मिले अहम सुराग, जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, जिस मकान में शव मिले हैं वह आबादी से काफी दूर खेत में स्थित है। इसी वजह से घटना की जानकारी समय रहते किसी को नहीं मिल सकी। घटनास्थल पर खून के धब्बे और घसीटे जाने के निशान मिलने के बाद जांच एजेंसियां हत्या, साक्ष्य मिटाने की कोशिश और अन्य संभावित एंगल से मामले की पड़ताल कर रही हैं। फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम भी मौके से मिले सबूतों का वैज्ञानिक विश्लेषण कर रही है।
हर एंगल से जांच जारी, रिपोर्ट का इंतजार
फिलहाल पुलिस ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है और आसपास के लोगों से पूछताछ भी की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम, फॉरेंसिक जांच और डीएनए रिपोर्ट आने के बाद ही घटना की वास्तविक वजह और परिस्थितियां स्पष्ट हो पाएंगी। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच कर जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।










