पेंशन चेक कराने पहुंचे तो खाते में दिखी अरबों की राशि
मध्य प्रदेश के हरदा जिले की खिरकिया तहसील से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां पेंशन की राशि की जानकारी लेने पहुंचे दो आदिवासी श्रमिक उस समय हैरान रह गए, जब उनके बैंक खातों में सात-सात अरब रुपये से अधिक की राशि दिखाई देने लगी। दोनों खाताधारकों ने कभी इतनी बड़ी रकम की कल्पना भी नहीं की थी। कुछ समय तक खाते में यह राशि दिखाई देने के बाद अचानक बैलेंस सामान्य हो गया, जिससे पूरे इलाके में इस घटना की चर्चा शुरू हो गई।
एक ही गांव के दो लोगों के साथ हुई एक जैसी घटना
जानकारी के अनुसार, खिरकिया तहसील के देवपुर गांव निवासी गुलाब सिंह शिवपाल और फूलकुंवर उदयसिंह अपने खातों में आई पेंशन की राशि की जांच कराने एक ऑनलाइन सेवा केंद्र पहुंचे थे। खाते की जांच के दौरान पेंशन की रकम तो दर्ज थी, लेकिन उपलब्ध बैलेंस में सात अरब रुपये से अधिक की राशि दिखाई दे रही थी। दोनों के साथ लगभग एक जैसी घटना होने से ग्रामीण भी हैरान रह गए।
कुछ घंटों बाद खाते से गायब हो गई पूरी राशि
बताया जा रहा है कि जब दोनों खाताधारकों ने कुछ घंटे बाद दोबारा अपने खाते का बैलेंस चेक कराया, तो अरबों रुपये की वह राशि पूरी तरह गायब हो चुकी थी और खाता पहले की स्थिति में लौट आया। इस अचानक हुए बदलाव ने लोगों के बीच कई तरह के सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह बैंकिंग सिस्टम की तकनीकी गड़बड़ी थी या किसी अन्य कारण से ऐसा हुआ।
मजदूर बोले—हमारे पास तो जमीन भी नहीं
दोनों खाताधारकों ने बताया कि वे रोजाना मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं और उनके पास कोई बड़ी संपत्ति या जमीन भी नहीं है। ऐसे में उनके खातों में अरबों रुपये दिखाई देना उनके लिए किसी आश्चर्य से कम नहीं था। उन्होंने कहा कि उन्हें समझ ही नहीं आया कि इतनी बड़ी राशि खाते में कैसे दिखाई दी और फिर कुछ ही समय बाद अचानक गायब कैसे हो गई।
जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई
इस अनोखी घटना के बाद स्थानीय स्तर पर मामले की जानकारी संबंधित अधिकारियों और बैंक तक पहुंचाई गई है। माना जा रहा है कि जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि खातों में अरबों रुपये का बैलेंस दिखाई देने के पीछे तकनीकी त्रुटि थी या कोई अन्य वजह। फिलहाल यह मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।










